छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा प्रदेश में ई-गवर्नेंस व्यवस्था को सुदृढ़, प्रभावी एवं परिणामोन्मुखी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं दूरदर्शी पहल की गई है। इस क्रम में iGOT (Integrated Government Online Training) प्लेटफॉर्म के माध्यम से कुल 120 अधिकारियों को दस बैचों में विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छत्तीसगढ़ को डिजिटल ई-गवर्नेंस के क्षेत्र में अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित करना तथा तेज, पारदर्शी एवं उत्तरदायी निर्णय प्रक्रिया के माध्यम से प्रदेश के समग्र विकास को गति प्रदान करना है। छत्तीसगढ़ शासन की यह पहल “डिजिटल, दक्ष एवं विकासशील प्रशासन” के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगी।
उल्लेखनीय है कि सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव श्री अविनाश चंपावत के नेतृत्व में विगत दिनों iGOT प्लेटफॉर्म के माध्यम से लगभग 1200 अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशिक्षित कर एक उल्लेखनीय प्रशासनिक कीर्तिमान स्थापित किया गया है। यह पहल अधिकारियों एवं कर्मचारियों में नेतृत्व क्षमता, प्रस्तुतिकरण कौशल तथा ज्ञान-वितरण को सुदृढ़ करने के साथ-साथ उनके बीच सकारात्मक प्रतिस्पर्धा एवं नवाचार की संस्कृति को भी प्रोत्साहित कर रही है। प्रशासनिक दक्षता को और अधिक प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उचित प्रोत्साहन एवं पुरस्कार प्रदान किया जाना आवश्यक है, जिससे वे भविष्य में और अधिक प्रतिबद्धता, दक्षता एवं नवाचार के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकें।
सामान्य प्रशासन विभाग की अवर सचिव अंजू सिंह ने आज मंत्रालय में प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को iGOT प्लेटफॉर्म पर पंजीयन (रजिस्ट्रेशन), लॉग-इन प्रक्रिया, प्रशिक्षण मॉड्यूल पूर्ण करने, प्रमाण पत्र प्राप्त करने, प्रमाण पत्र डाउनलोड करने तथा उसे व्यक्तिगत उपलब्धियों (Achievement) में अपलोड करने की संपूर्ण प्रक्रिया का विस्तृत एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।




